गाजियाबाद। सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) ने प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से जानकारी देते हुए बताया कि ध्वनि प्रदूषण पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से परिवहन विभाग द्वारा मॉडिफाइड (संशोधित) साइलेंसर लगे वाहनों के विरुद्ध विशेष प्रवर्तन अभियान संचालित किया गया। अभियान के दौरान विभिन्न स्थानों पर वाहनों की सघन जांच कर नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की गई। परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि वाहन स्वामी अपने वाहनों में अनधिकृत रूप से मॉडिफाइड साइलेंसर लगाकर अत्यधिक ध्वनि उत्पन्न करते हैं, जिससे न केवल ध्वनि प्रदूषण बढ़ता है बल्कि आम नागरिकों, विद्यार्थियों, वृद्धजनों एवं मरीजों को भी अनावश्यक असुविधा का सामना करना पड़ता है। यह प्रवृत्ति सड़क सुरक्षा एवं पर्यावरणीय मानकों के भी प्रतिकूल है।
उक्त अभियान के दौरान दिनांक 21.07.2026 से 27.07.2026 तक की गयी प्रवर्तन कार्यवाही में 26 वाहनों में मॉडिफाइड साइलेंसर लगे होने तथा 18 वाहनों में प्रेशर हॉर्न का प्रयोग करने वाले वाहनों को विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम के अन्र्तगत कार्यवाही की गयी। साथ ही मॉडीफाइड साइलेंस विक्रय करने वाले दुकान / गैराजों का औचक निरीक्षण भी किया गया।
परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि वाहनों में अनधिकृत परिवर्तन एवं ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले उपकरणों के उपयोग को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विभाग द्वारा ऐसे वाहनों के विरुद्ध नियमित रूप से विशेष अभियान संचालित किए जाएंगे तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। वाहन चालकों को भविष्य में ऐसे अनधिकृत संशोधन न करने तथा निर्धारित मानकों के अनुरूप वाहनों का संचालन करने के निर्देश दिए गए।
परिवहन विभाग आमजन से अपील करता है कि वे अपने वाहनों में केवल मानक एवं अनुमोदित साइलेंसर का ही उपयोग करें तथा सुरक्षित, शांत एवं प्रदूषण मुक्त यातायात व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।







